प्रतापगढ़ : विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन - Live Aaryaavart

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बुधवार, 27 अक्तूबर 2021

प्रतापगढ़ : विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

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प्रतापगढ़/27 अक्टूबर, आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर पेन इंडिया अवेयरनेस एण्ड आउटरीच कार्यक्रम के तहत छायण, सखतल, लखमाखेड़ी, कानपुरिया, पाडलिया-रेरखोरी, चतरियाखेड़ी में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।  सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण(अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश), प्रतापगढ़ श्री शिवप्रसाद तम्बोली द्वारा आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर आमजन को कृषि से संबंधित जानकारी देते हुए देशी खाद निर्माण, देशी कीटनाशक निर्माण, खेती की देशी पद्धति तथा जल संचय कर एक से अधिक फसल का उत्पादन एवं संचय किये हुए पानी में सिंघाड़ा उत्पादन, कमल के फूल उगाना तथा मछली पालन की जानकारी प्रदान की गई। आमजन को बीज उपचार(कल्चर) करने के आसान तरीकों से अवगत कराते हुए बताया गया कि गाय के गौमूत्र से बीजोपचार किया जा सकता है। उक्त विधियों के माध्यम से कृषक कृषि लागत में कमी कर आय में वृद्धि कर सकें। आमजन को यह भी बताया गया कि गोबर व पत्तियों को सड़ा कर देशी खाद और आसान तकनीक की सहायता से कैसे कीटनाशक का निर्माण किया जा सकता है। उपस्थित ग्रामीणों को औषधीय फसलों के उत्पादन हेतु भी प्रेरित किया गया।  स्वरोजगार के क्षेत्र में कार्यरत धरियावद रोड़ स्थित बड़ौदा स्वरोजगार संस्थान की जानकारी भी आमजन को दी गई। संस्थान द्वारा निःशुल्क सिलाई सिखाने, अगरबत्ती बनाना एवं वर्मी कम्पोस्ट बनाना सिखाया जाता है। इसके माध्यम से अधिक से अधिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जुड़कर ग्रामीण एवं आमजन स्वरोजगार से जुड़ सकते हैं और स्वयं की आय में वृद्धि कर सकते हैं।  विधिक जानकारियांे के तहत बाल विवाह निषेध, मृत्यु-भोज निषेध, कन्या भ्रूण हत्या निषेध, पीसीपीएनडीटी एक्ट, जन्म-मृत्यु पंजीयन, मोटर व्हीकल अधिनियम, वरिष्ठ नागरिकों के अधिकार, पीड़ित प्रतिकर स्कीम एवं विधिक सहायता की जानकारी दी गई।  उपस्थित आमजन को जनउपयोगी सेवाओं की जानकारी भी प्रदान की गई। जिला स्थाई लोक अदालत द्वारा वर्तमान में कुल 11 जनउपयोगी सेवाओं से संबंधित प्रार्थना पत्र स्वीकार किये जाते हैं। इन सेवाओं में विद्युत, यातायात, जल सप्लाई, सड़क सेवाएं, टेलीफोन, इंश्योरेंस, हॉस्पीटल, बैंकिंग, भू-सम्पदाएं आदि सम्मिलित हैं। जिला स्थाई लोक अदालत द्वारा उक्त सेवाओं से संबंधित प्रार्थना-पत्रों पर सुनवाई कर जनता को सस्ता एवं सुलभ न्याय उपलब्ध करवाया जाता है। 

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