मुख्य अतिथि माननीय श्री गोपाल जी ठाकुर (MP, Darbhanga) ने अपने संबोधन में कहा कि खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियाँ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। ऐसे आयोजनों से छात्रों में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना एवं आत्मविश्वास का विकास होता है। उन्होंने कहा कि आज के युवा ही देश का भविष्य हैं और ऐसे मंच उन्हें सकारात्मक दिशा प्रदान करते हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं। प्रो. (डॉ.) चंदन कुमार, प्राचार्य, DCE दरभंगा ने कहा कि महाविद्यालय केवल अकादमिक ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के समग्र विकास के लिए खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों को भी समान महत्व देता है। उन्होंने आयोजन समिति एवं सभी प्रतिभागी छात्र–छात्राओं की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन छात्रों में प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता एवं सामाजिक चेतना का विकास करते हैं। उमंग 2026 के चेयरमैन Dr. Sashi Bhushan ने अपने वक्तव्य में कहा कि उमंग महोत्सव का उद्देश्य विभिन्न इंजीनियरिंग संस्थानों के विद्यार्थियों को एक साझा मंच प्रदान करना है, जिससे आपसी सौहार्द, सहयोग एवं स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा मिल सके। उन्होंने आयोजन से जुड़े सभी सदस्यों के योगदान की सराहना की।
खेल प्रतियोगिताओं के परिणाम
वॉलीबॉल (बालिका वर्ग):
विजेता – DCE दरभंगा
उपविजेता – GEC समस्तीपुर
कबड्डी (बालिका वर्ग):
विजेता – DCE दरभंगा
उपविजेता – GEC समस्तीपुर
बैडमिंटन (बालक वर्ग):
विजेता – DCE दरभंगा
उपविजेता – GEC समस्तीपुर
टेबल टेनिस:
विजेता – DCE दरभंगा
उपविजेता – GEC समस्तीपुर
क्रिकेट (बालक वर्ग):
विजेता – GEC समस्तीपुर
उपविजेता – GEC मधुबनी
सांस्कृतिक एवं बौद्धिक प्रतियोगिताएँ
ग्रुप डिस्कशन एवं वाद–विवाद:
विजेता – DCE दरभंगा
उपविजेता – GEC समस्तीपुर
गायन प्रतियोगिता:
विजेता – GEC मधुबनी
उपविजेता – DCE दरभंगा
कार्यक्रम के समापन अवसर पर श्री विनायक झा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए मुख्य अतिथि, सभी प्राचार्यों, उमंग आयोजन समिति, निर्णायक मंडल, शिक्षकगण, कर्मचारियों, स्वयंसेवकों तथा सभी प्रतिभागी छात्र–छात्राओं के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह आयोजन संस्थानों के बीच आपसी समन्वय, खेल भावना एवं सांस्कृतिक आदान–प्रदान का उत्कृष्ट उदाहरण है।

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