समस्तीपुर : बंद चीनी मिल को चालू करने की मांग को लेकर जुलूस निकालकर सभा किया - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

बुधवार, 18 फ़रवरी 2026

समस्तीपुर : बंद चीनी मिल को चालू करने की मांग को लेकर जुलूस निकालकर सभा किया

Sugar-mill-protest-samastipur
समस्तीपुर (रजनीश के झा), 18 फरवरी। बंद समस्तीपुर चीनी मिल को चालू करने की मांग को लेकर रेल विकास-विस्तार मंच एवं जिला विकास मंच के संयुक्त तत्वावधान में माधुरी चौक स्थित मंदीर से जुलूस निकालकर सभा किया गया। रेल विकास-विस्तार मंच एवं जिला विकास मंच से जुड़े बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मंगलवार को शाम में शहर के माधुरी चौक स्थित मंदीर के पास इकट्ठा होकर "बंद समस्तीपुर के चीनी मिल को चालू करो" नारे लगाते हुए जुलूस निकाला। जुलूस क्षेत्र भ्रमण के बाद पुनः माधुरी चौक के पास पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। सभा की अध्यक्षता मंच के संयोजक शत्रुघ्न राय पंजी ने किया। शंकर साह, सुरेंद्र प्रसाद सिंह, राकेश ठाकुर, राम विनोद जीबछ पासवान, अरूण कुमार राय, राजेंद्र राय, पिंकू पासवान, रामलाल राम, संतोष कुमार निराला, डोमन राय, विश्वनाथ सिंह हजारी, रंभू राय, नंदू महतो, शाहीद हुसैन, मनोज कुमार राय, सुधीर प्रसाद गुप्ता, रामदयालू महतो आदि ने सभा को संबोधित किया।


मौके पर सभा को संबोधित करते हुए मंच के वरीय सदस्य सह सेवानिवृत्त शिक्षक शंकर साह ने कहा कि अंग्रेज जमाने चालू किया गया समस्तीपुर चीनी मिल वर्षों से बंद पड़ा है। यह मिल प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से हजारों परिवार का रोजी-रोटी, भरण-पोषण का साधन था। आज भी चीनी मिल के पास पर्याप्त जमीन है। यहां चौतरफा आवागमन का साधन है। सरकार इसे आसानी से चालू कर सकती है। राजद नेता राकेश ठाकुर एवं भाकपा माले के सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने बंद समस्तीपुर चीनी मिल को चालू कराने को सभी राजनीतिक एवं सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों, बुद्धिजीवियों, छात्र-नौजवानों, मजदूर-किसानों से संघर्ष तेज करने की अपील की। विदित हो कि समस्तीपुर चीनी मिल की स्थापना 1917 में अंग्रेज सरकार द्धारा की गई थी। यह मिल शुरू में अच्छी तरह से चल रही थी लेकिन 1995 में इसे बंद कर दिया गया था। इसके बाद से मिल को फिर से चालू करने के कई प्रयास किए गये लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है।

कोई टिप्पणी नहीं: