- श्रद्धा भक्ति सेवा समिति सहित अन्य करेंगे महादेव की होली में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं का स्वागत
आयोजन में तीन से चार विशेष मशीनें लगाई जाएंगी जो दूर-दूर तक गुलाल उड़ाएंगी। खुशबूदार अबीर और गुलाब की पंखुड़ियों की वर्षा से पूरा मार्ग सुगंधित हो उठेगा रासायनिक रंगों के स्थान पर प्राकृतिक गुलाल और फूलों की होली खेली जाएगी। आयोजन समिति का उद्देश्य है कि श्रद्धालु भक्ति के साथ सुरक्षित और सात्विक होली का आनंद लें। शहर की विभिन्न समितियां श्री सिद्ध हनुमान समिति, छावनी उत्सव समिति, गांधी क्लब, नव ज्योति संगठन सहित अन्य संगठन व्यापक तैयारियों में जुटे हैं। रास्ते में दर्जनभर से अधिक स्वागत मंच बनाए जा रहे हैं, जहां श्रद्धालुओं के लिए ठंडाई, नाश्ता और प्रसाद की व्यवस्था रहेगी। भक्ति गीतों की गूंज के बीच श्रद्धालु झूमते हुए आगे बढ़ेंगे। पंडित प्रदीप मिश्रा का संदेश है कि गमी की होली के बाद जीवन की नई शुरुआत महादेव के आशीर्वाद के साथ करनी चाहिए। पहले भगवान शिव के साथ होली खेलें, ताकि पूरा वर्ष मंगलमय रहे। जो श्रद्धालु सीहोर नहीं आ सकते, उनसे अपील की गई है कि वे अपने नजदीकी शिव मंदिर में जाकर एक लोटा जल अर्पित करें। यहां रंगों से अधिक भक्ति का रंग दिखाई देता है। हर चेहरा शिवमय, हर कदम श्रद्धामय और हर स्वर 'हर-हर महादेवÓ से गुंजायमान होता है। 5 मार्च की सुबह 9 बजे सिद्धपुर नगर, सीहोर में यह दिव्य आयोजन श्रद्धालुओं को भक्ति, उत्साह और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर कर देगा।

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