नेपाल: प्रधानमंत्री शाह की आलोचना करने के आरोप में गिरफ्तार यूट्यूबर पत्रकार को किया गया रिहा - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

रविवार, 12 अप्रैल 2026

नेपाल: प्रधानमंत्री शाह की आलोचना करने के आरोप में गिरफ्तार यूट्यूबर पत्रकार को किया गया रिहा

Nepal-journalust-release
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ‘बालेन’ के खिलाफ अपशब्दों का इस्तेमाल करने के आरोप में गिरफ्तार एक यूट्यूब चैनल के पत्रकार को ‘जेन-जेड’ कार्यकर्ताओं की आलोचना और आपत्ति के बाद रविवार को रिहा कर दिया गया।  ‘हेड्स’ नाम से यूट्यूब चैनल चलाने वाले रोशन पोखरेल को बृहस्पतिवार को पूर्वी नेपाल के पंचथर जिले में गिरफ्तार किया गया था। वह इसी जिले की फाल्गुनानंद ग्रामीण नगरपालिका के निवासी हैं। पंचथर जिला पुलिस कार्यालय के एक प्रवक्ता ने बताया कि चार दिन पुलिस हिरासत में रखने के बाद पोखरेल को जरूरत पड़ने पर पुलिस के समक्ष उपस्थित होने की निजी गारंटी पर रिहा कर दिया गया। ‘जेन- जेड’ (वर्ष 1997 से 2012 में जन्मे लोगों के लिए इस्तेमाल शब्द) की कार्यकर्ता तनुजा पांडे और ‘जेन-जेड’ आंदोलन के प्रवक्ता नेपाल बिजय शाह समेत कई अन्य लोगों ने पोखरेल की गिरफ्तारी पर गंभीर आपत्ति जताई और उनकी तत्काल रिहाई की मांग की। उन्होंने एक बयान में कहा कि केवल अभिव्यक्ति के आधार पर व्यक्तियों को गिरफ्तार करना उचित नहीं है। एक बयान में कहा गया, ‘‘अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करें, तानाशाही की ओर न बढ़ें।’’ प्रधानमंत्री शाह राजनीति में आने से पहले खुद एक यूट्यूबर थे। काठमांडू के पूर्व महापौर और अब प्रधानमंत्री ने अपने यूट्यूब चैनल पर रैप गानों के माध्यम से अपार लोकप्रियता हासिल की, जिनमें वे अक्सर नेपाल की मौजूदा व्यवस्था पर प्रहार करते थे, सामाजिक विसंगतियों को उजागर करते थे, भ्रष्टाचार और राजनीतिक कुप्रबंधन को प्रकट करते थे।

कोई टिप्पणी नहीं: