दिल्ली : केंद्रीय मंत्रियों की 'चिंतन बैठक' असल में 'चिंता बैठक' है : जयराम रमेश - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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गुरुवार, 17 सितंबर 2026

दिल्ली : केंद्रीय मंत्रियों की 'चिंतन बैठक' असल में 'चिंता बैठक' है : जयराम रमेश

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नई दिल्ली। कांग्रेस ने बृहस्पतिवार को दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा अगले सप्ताह बुलाई गई केंद्रीय मंत्रिपरिषद की ‘चिंतन बैठक’ असल में ‘चिंता बैठक’ है क्योंकि प्रधानमंत्री को अब ऐसे तीखे सवालों और आलोचनाओं का सामना करना पड़ रहा है, जैसा पहले कभी नहीं देखा गया। प्रधानमंत्री मोदी शासन और नीति-निर्माण से जुड़े प्रमुख पहलुओं पर चर्चा करने तथा सुधारों पर विशेष ध्याने के लिये अगले सप्ताह केंद्रीय मंत्रिमंडल के साथ दो दिवसीय ‘चिंतन बैठक’ की अध्यक्षता करेंगे। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘खबरें हैं कि प्रधानमंत्री ने 23 और 24 सितंबर को सभी केंद्रीय मंत्रियों की चिंतन बैठक बुलाई है।दरअसल, यह चिंता बैठक है, क्योंकि वह चारों ओर से तीखे सवालों और आलोचनाओं का पूरी तरह जायज निशाना बन गए हैं, जिसका स्तर और तीव्रता पहले कभी नहीं देखी गई।’’ 


कांग्रेस नेता ने संसद के मानसून सत्र का अब तक सत्रावसान नहीं किए जाने को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, ‘‘इस बीच, अभूतपूर्व 35 दिन बीत चुके हैं और संसद के मानसून सत्र का अब तक सत्रावसान नहीं हुआ है।’’ रमेश ने यह दावा भी किया गृह मंत्री अमित शाह लोकसभा में दो-तिहाई बहुमत हासिल करने की कोशिश में जुटे हैं। उन्होंने कहा, ‘‘केंद्रीय गृह मंत्री लोकसभा में उस मायावी लेकिन महाकलंकित दो-तिहाई बहुमत का प्रयास जारी रखे हुए हैं, ताकि 17 अप्रैल, 2026 को लोकसभा में विपक्ष की एकजुटता के कारण उन्हें और मोदी सरकार को मिली घोर बेइज्जती का बदला लिया जा सके।’’ रमेश ने दावा किया कि 17 अप्रैल को विपक्ष की एकजुटता ने सरकार के विधेयकों को पारित होने से रोक दिया था। उन्होंने कहा, ‘‘उस दिन गणतंत्र को उनके घातक विधेयकों के पारित होने से बचा लिया गया था।’’ कांग्रेस महासचिव ने कहा, ‘‘वह एकजुटता विपक्ष को तोड़ने और डराने-धमकाने के उनके मौजूदा प्रयासों के बावजूद कायम रहेगी।’’

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