दिल्ली : दीपके ने दिल्ली में सुरक्षाबलों की तैनाती को लेकर मोदी पर निशाना साधा - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026

दिल्ली : दीपके ने दिल्ली में सुरक्षाबलों की तैनाती को लेकर मोदी पर निशाना साधा

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नई दिल्ली । कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने शुक्रवार को केंद्र सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि सरकार चीन सीमा पर हालात सहित राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर ध्यान देने के बजाय दिल्ली में प्रदर्शनों को रोकने के लिए सुरक्षाकर्मियों को तैनात कर रही है। म्यांमा में सशस्त्र समूहों को प्रशिक्षण देने के आरोपी अमेरिकी नागरिक मैथ्यू वैनडाइक का जिक्र करते हुए दीपके ने सवाल उठाया कि इस मामले को कितनी गंभीरता से लिया जा रहा है। उन्होंने व्यंग्यात्मक लहजे में कहा, ‘‘ऐसा नहीं है कि वह हमारे देश का झंडा लहराना चाहता था। अगर वह हमारे देश का झंडा लहराना चाहता तो यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हो सकता था, लेकिन वह तो सिर्फ कुछ आतंकवादियों को प्रशिक्षण दे रहा था, इसलिए यह कोई बड़ी बात नहीं है।’’ दीपके ने भारत-चीन सीमा पर चुनौतियों को लेकर भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के महानिदेशक शत्रुजीत सिंह कपूर की टिप्पणियों का भी उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि सीमाओं की सुरक्षा के लिए तैनात बलों को दिल्ली में प्रदर्शन रोकने के लिए लगाया जा रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, ‘‘इसलिए चिंता की कई बातें हैं, लेकिन प्राथमिकता वही है। मैथ्यू वैनडाइक कोई बड़ी प्राथमिकता नहीं है, भारत-चीन सीमा की सुरक्षा कोई बड़ी प्राथमिकता नहीं है। प्राथमिकता क्या है? दिल्ली में कोई प्रदर्शन न करे, दिल्ली में कोई ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग न करे।’’ 


प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर निशाना साधते हुए दीपके ने कहा, ‘‘चीन उन्हें लाल आंखें दिखाने नहीं दे रहा है और ट्रंप उन्हें कुछ कहने नहीं दे रहे हैं।’’ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने मार्च में वैनडाइक और यूक्रेन के छह नागरिकों को गिरफ्तार किया था। उन पर मिजोरम के रास्ते म्यांमा में प्रवेश करने और जातीय सशस्त्र समूहों के सदस्यों को ड्रोन युद्ध से जुड़ी तकनीक, उनके संचालन, संयोजन और जैमिंग तकनीक का प्रशिक्षण देने का आरोप है।  दिल्ली की एक अदालत ने शुक्रवार को वैनडाइक को अमेरिका जाने की अनुमति दे दी और उसके साथ आरोपी बनाए गए यूक्रेन के छह नागरिकों को 24 फरवरी 2027 तक भारत से बाहर रहने की अनुमति दे दी।  आईटीबीपी के प्रमुख कपूर ने बृहस्पतिवार को कहा था कि अरुणाचल प्रदेश में कई स्थानों पर आमने-सामने की स्थिति बनी थी और यह जारी है। उन्होंने चीन के सैन्य आधुनिकीकरण से पैदा होने वाली चुनौतियों का भी उल्लेख किया। इस बीच, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राजनीतिक और अन्य समूहों की ओर से अचानक प्रदर्शन किए जाने की आशंका का हवाला देते हुए दिल्ली में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) की 273 कंपनियों की तैनाती दूसरी बार बढ़ाकर 31 अक्टूबर तक कर दी है। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉजपा और अन्य समूहों के प्रदर्शनों के बीच इस महीने की शुरुआत में इन बलों को तैनात किया गया था।

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